BNS Section 191(2) क्या है? झूठी गवाही देना – सजा, जमानत और पूरी जानकारी हिंदी में

BNS Section 191(2)

परिचय: BNS Section 191(2) – अदालत में झूठी गवाही का सख्त कानून अदालत न्याय की अंतिम जगह होती है। अगर कोई व्यक्ति अदालत में जानबूझकर झूठी गवाही देता है, तो यह सिर्फ एक व्यक्ति के खिलाफ नहीं, बल्कि पूरे न्याय व्यवस्था के खिलाफ अपराध है। पुराने कानून में IPC 193 इस अपराध को दंडित करती … Read more

BNS Section 296 क्या है? गुलामी का व्यापार (Dealing in Slaves) – सजा, जमानत और पूरी जानकारी हिंदी में

BNS Section 296

परिचय: BNS Section 296 – आधुनिक भारत में गुलामी का व्यापार 21वीं सदी में भी गुलामी (slavery) और मानव व्यापार (human trafficking) पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। लोग अभी भी जबरन मजदूरी, वेश्यावृत्ति, बाल श्रम या घरेलू गुलामी के लिए दूसरों को खरीद-बिक्री करते हैं। पुराने कानून में IPC 370 इस अपराध को संबोधित … Read more

BNS Section 85 क्या है? पत्नी पर क्रूरता (498A) – सजा, जमानत, दुरुपयोग और पूरी तुलना हिंदी में

BNS Section 85

परिचय: BNS Section 85 – पत्नी पर क्रूरता का नया कानून शादी के बाद पत्नी पर शारीरिक, मानसिक क्रूरता, दहेज के लिए तंग करना या आत्महत्या के लिए उकसाना भारतीय समाज की एक गहरी समस्या है। पुराने कानून में IPC 498A ने इस समस्या को संबोधित किया था। अब Bharatiya Nyaya Sanhita (BNS) 2023 में … Read more

BNS Section 105 क्या है? जानबूझकर हत्या न करने वाली मानव हत्या – सजा, जमानत और पूरी जानकारी हिंदी में

BNS Section 105

परिचय: BNS Section 105 – मौत हुई, लेकिन हत्या का पूरा इरादा नहीं था कानून में हत्या को दो मुख्य श्रेणियों में बाँटा गया है: हत्या (Murder) — जिसमें हत्या का पूरा इरादा और पूर्व नियोजन होता है (BNS 103)। Culpable Homicide not amounting to Murder — जिसमें मौत तो हो गई, लेकिन हत्या का … Read more

IPC 326 vs BNS Section 118 – खतरनाक हथियार से गंभीर चोट सजा, जमानत और पूरी तुलना हिंदी में

IPC 326 vs BNS Section 118

परिचय: IPC 326 vs BNS Section 118 – खतरनाक हथियार से गंभीर चोट का सख्त कानून जब कोई व्यक्ति चाकू, ब्लेड, एसिड, लोहे की रॉड, बंदूक या किसी खतरनाक हथियार से किसी को इतनी गंभीर चोट पहुँचाता है कि हड्डी टूट जाए, चेहरा स्थायी रूप से बिगड़ जाए, आँख की रोशनी चली जाए या जीवन … Read more

IPC 295A vs BNS Section 299 – धार्मिक भावनाएँ आहत करना सजा, जमानत और पूरी तुलना हिंदी में

IPC 295A vs BNS Section 299

परिचय: IPC 295A vs BNS Section 299 – धार्मिक भावनाओं की रक्षा का कानून भारत एक बहुधार्मिक, बहुसांस्कृतिक और बहुभाषी देश है। यहाँ विभिन्न धर्म, समुदाय, जाति और भाषाओं के लोग सदियों से साथ रहते आए हैं। लेकिन कभी-कभी कुछ लोग जानबूझकर किसी धर्म, देवता, धार्मिक किताब, पूजा स्थल या धार्मिक प्रतीक की भावनाओं को … Read more

BNS Section 138 क्या है? महिला अपहरण शादी के लिए – सजा, जमानत और पूरी जानकारी हिंदी में

BNS Section 138

परिचय: BNS Section 138 – महिलाओं के खिलाफ जबरन अपहरण का सख्त कानून भारत में महिलाओं का जबरन अपहरण करके शादी करने या अवैध यौन संबंध बनाने के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। पुराने कानून IPC 366 इस अपराध को दंडित करती थी, लेकिन अब Bharatiya Nyaya Sanhita (BNS) 2023 में धारा 138 ने IPC … Read more

IPC 153A vs BNS Section 196 – समुदायों में दुश्मनी फैलाना सजा, जमानत और पूरी तुलना हिंदी में

IPC 153A vs BNS Section 196

परिचय: समुदायों में दुश्मनी फैलाना – कानून की सख्त नजर IPC 153A vs BNS Section 196: भारत एक विविधतापूर्ण देश है। यहां अलग-अलग धर्म, जाति, भाषा, संस्कृति और समुदाय एक साथ रहते हैं। लेकिन जब कोई व्यक्ति या समूह जानबूझकर इन समुदायों के बीच नफरत, दुश्मनी या असहिष्णुता फैलाता है, तो यह न सिर्फ सामाजिक … Read more

BNS Section 152 क्या है? राजद्रोह (Sedition) नया कानून – सजा, जमानत और पूरी जानकारी हिंदी में

BNS Section 152

परिचय: BNS Section 152 – राजद्रोह का नया रूप भारत में राजद्रोह (Sedition) का कानून ब्रिटिश काल से चला आ रहा था। पुरानी IPC 124A को बहुत ज्यादा दुरुपयोग होने के कारण आलोचना का सामना करना पड़ा। 2023 में नया Bharatiya Nyaya Sanhita (BNS) लागू होने के साथ BNS Section 152 ने IPC 124A की जगह … Read more

IPC 377 vs BNS Section 67 – अप्राकृतिक यौन संबंध सजा, जमानत और पूरी तुलना हिंदी में

IPC 377 vs BNS Section 67

परिचय: IPC 377 vs BNS Section 67 – भारतीय कानून में एक ऐतिहासिक बदलाव भारतीय कानून की धारा 377 लंबे समय तक विवादों का केंद्र रही है। 1860 में बने Indian Penal Code में यह धारा “प्रकृति के विरुद्ध यौन संबंध” (carnal intercourse against the order of nature) को अपराध घोषित करती थी। इस धारा … Read more